आदित्य को मिला गूगल की ओर से 2.30 करोड़ का पैकेज, सरकारी स्कूल से की है आदित्य ने पढ़ाई

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सभी स्टूडेंट्स अच्छी पढ़ाई और अच्छी डिग्री इसीलिए लेते हैं ताकि वे अच्छी कंपनी में अच्छे पैकेज के साथ प्लेस्ड हो पाएं. कुछ बच्चे सारी सुविधाओं के साथ पढ़ाई कर अच्छी नौकरी पाते हैं तो कुछ बच्चे बहुत मुसीबत से सरकारी स्कूल में पढ़कर नौकरी पाते हैं. यहां हम आपको ऐसे ही एक शख्स के बारे में बताने जा रहे हैं जिन्होंने सरकारी स्कूल में पढ़ने के बावजूद अच्छी जॉब पाई और अपने सारे सपने पूरे करने में जुट गए हैं. हम बात कर रहे हैं 22 साल के आदित्य सिद्धांत की जिनका हाल ही में गूगल में प्लेसमेंट हुआ है. आदित्य का पैकेज 2.30 करोड़ का है. जी हां, आपने सही पढ़ा…आदित्य 4 फ़रवरी को  कैलिफोर्निया में स्थित गूगल के हेड क्वार्टर में ज्वाइन कर चुके हैं.

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बताते चलें 2.30 करोड़ का पैकेज पाने वाले आदित्य ने भवानीपुर के सरकारी स्कूल से अपनी शुरूआती पढ़ाई की है. बताते चलें गूगल से पहले आदित्य को माइक्रोसाॅफ्ट, फेसबुक और अमेजन जैसी दुनिया की कई बड़ी कंपनियों से ऑफर आ चुके हैं. आदित्य के पिता का नाम नंदकिशोर है. जो कि कटिहार के रहने वाले हैं और अभी वे खगड़िया में एडीएम हैं. सरकारी स्कूल से प्रारंभिक पढ़ाई करने के बाद आदित्य ने कटिहार के स्कॉटिश पब्लिक स्कूल से बारहवीं की परीक्षा दी. जिसके बाद उन्होंने आईआईटी गुवाहाटी से अपनी बीटेक की डिग्री कम्पलीट की. यही नहीं इस डिग्री के बाद आदित्य ने कार्नेजी मेलॉन यूनिवर्सिटी (सीएमयू) पिट्सबर्ग से मास्टर डिग्री भी की.

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बताते चलें आदित्य शुरुआत से ही पढ़ने में बहुत अच्छे हैं. साल 2013 में आईआईटी की एग्जाम के समय आदित्य गंभीर बीमारी से ग्रसित हो गए थे लेकिन इसके बावजूद उन्होंने परीक्षा पास ही नहीं की बल्कि फिजिक्स जैसे विषय में 120 में से 120 अंक हासिल किए थे. बता दें अच्छे मार्क्स के साथ ही आदित्य कई अवार्ड्स भी अपने नाम कर चुके हैं. वे अपने एक रिसर्च पेपर के लिए भी चर्चा में आ चुके हैं. उन्हें अमेरिका एक्सप्रेस एनालाइज अवार्ड भी मिल चुका है. इससे पहले वे साल 2017 में माइक्रोसाॅफ्ट रिसर्च अवार्ड भी जीत चुके हैं. जिसके लिए उन्हें 12 हजार यूएस डॉलर ईनाम के तौर पर दिए गए थे.

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बातचीत के दौरान आदित्य ने बताया, ‘कंप्यूटर साइंस के क्षेत्र में दुनिया में भारत का नाम रोशन करना मेरा लक्ष्य है. बचपन से मेरा सपना था कि मैं गूगल में अमेरिका जाऊं और आज यह सपना साकार हुआ.’ बताते चलें आदित्य के पिता नंदकिशोर उन्हें आईएएस बनाना चाहते थे. आदित्य की मां शशि रेखा भागलपुर विश्वविद्यालय से वनस्पति विज्ञान की स्नातकोत्तर टॉपर रह चुकी हैं. आदित्य के साथ ही गूगल में प्लेसमेंट का सपना उनकी मां का भी था.

Published by Chanchala Verma on 06 Feb 2019

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